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: न्यायधानी बिलासपुर के लिए हरिहरपुर से प्रारंभ हुआ हसदेव बचाव पदयात्रा

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ABN Express News 24x7  बिलासपुर। छत्तीसगढ़ का फेफड़ा कहे जाने वाला हसदेव अरण्य को बचाने के लिए 24 नवम्बर 2024 से 08 दिसम्बर 2024 तक न्यायधानी बिलासपुर से लेकर हरिहरपुर तक पदयात्रा चला। पदयात्रा को अपार जनसमर्थन मिला। 12 दिसम्बर 2024 को यानि आज फिर से आंदोलन स्थल ग्राम हरिहरपुर से न्यायाधानी बिलासपुर के लिए नारियल फोड़कर पदयात्रा की शुरुआत की गई। जिसमें सामाजिक कार्यकर्ता राधेश्याम शर्मा ने मीडिया से चर्चा के दौरान बताया कि हसदेव बचाव न्याय अधिकार पदयात्रा ग्राम हरिहरपुर सरगुजा से प्रारंभ हुआ है जो छत्तीसगढ़ के न्यायधानी उच्च न्यायालय बिलासपुर पहुंचकर 21 दिसम्बर 2024 को समापन होगा। शर्मा ने आगे कहा हसदेव बचाव न्याय अधिकार पदयात्रा का मुख्य उद्देश्य जल, जंगल, जमीन एवं हसदेव नदी के संरक्षण करने के लिए यह पदयात्रा किया जा रहा है, ताकि हमारे भावी पीढ़ी को सही वायु, पानी एवं अन्य वनस्पतियों का लाभ ले सकें। उन्होंने कहा केंद्र एवं राज्य सरकार के ख़िलाफ़ हम हाईकोर्ट के माध्यम से लड़ाई लड़ेंगे और हमें पूरी उम्मीद है कि यह हसदेव बचाव न्याय अधिकार पदयात्रा सफल होगा और अवश्य न्याय मिलेगा अन्यथा हम और भी बड़ा आंदोलन के लिए बाध्य होगें, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी शासन - प्रशासन का होगा। पदयात्रा में बिलासपुर से आएं वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता श्याम मूरत कौशिक ने भी मीडिया को संबोधित करते हुए कहा हसदेव के जल, जंगल जमीन को बचाने के लिए आंदोलन है, उन्होंने आगे कहा केंद्र एवं राज्य सरकार यहाँ की जंगल को उद्योगपतियों के हाथों सौंप रहीं है,जिसका हम विरोध कर रहे हैं। श्याम मूरत ने आगे कहा हम अपना कर्तव्य को निभा रहे हैं और हम अपना ड्यूटी कर रहे हैं। वही पदयात्री निर्मला नायक ने कहा मैं 24 नवम्बर से ही पदयात्रा में जुड़ी हुई हूँ। उन्होंने कहा हम आज से पुनः न्याय अधिकार पदयात्रा प्रारंभ कर रहे हैं एवं प्रतिदिन चलेगी और यह न्याय अधिकार पदयात्रा छत्तीसगढ़ के न्यायधानी उच्च न्यायालय बिलासपुर पहुंचकर धरना प्रदर्शन करेंगे। निर्मला नायक ने आगे कहा हमारा उद्देश्य है कि हसदेव क्षेत्र के पीड़ित जनता को न्याय दिलाना है। आज से प्रारंभ हुआ पदयात्रा बिलासपुर पहुंचते तक प्रतिदिन चलेगा। पदयात्रा में सामाजिक कार्यकर्ता भोलाराम साहू, अनुभा शर्मा, अनिता कश्यप, रेखा भंडारी, प्रतिमा दास, लीलावती पोर्ते, सुनीता पोर्ते, देवमती, मानबाई, बबलू साहू, शिवम लेदर, मुकेश चौधरी, अनिल पोया सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण जन पदयात्रा में शामिल हुए।
  •  यह जानकारी हसदेव बचाओ संघर्ष समिति छग के   श्याम मूरत कौशिक ने प्रेस विज्ञप्ति में दी है।
  • श्याम मूरत कौशिक सामाजिक कार्यकर्ता 
  • हसदेव बचाओ संघर्ष समिति छग

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