Tue, 30 Jun 2026
Logo

ब्रेकिंग

दिल्ली के अस्पताल से फरार अंडरट्रायल 48 घंटे में गिरफ्तार, बीमारी का बहाना बनाकर हुआ था गायब ; हिमाचल से पकड़ाया

पुरी में देवस्नान पूर्णिमा की धूम: मुख्यमंत्री मोहन माझी समेत हजारों श्रद्धालुओं ने किए महाप्रभु के दर्शन

बेटियों की शादी में मददगार साबित हो रही मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना, पात्र परिवारों को मिल रही 71 हजार रुपये तक की सहाय

सोशल मीडिया पर सिख गुरु साहिबान के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी का मामला, लुधियाना में पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंचे निहंग सि

हत्या या कुछ और : लापता बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मिली लाश, परिजनों ने की निष्पक्ष जांच की मांग

दिल्ली में नई ईवी पॉलिसी 1 जुलाई से लागू होगी, सीएम रेखा गुप्ता ने किया ऐलान, जानें क्या होंगे बड़े बदलाव

CM साय का बड़ा ऐलान: बिजली उपभोक्ताओं को बकाया बिल जमा करने दी गई 3 महीने की अतिरिक्त मोहलत, सरचार्ज पूरी तरह माफ

बिलासपुर सेंट्रल जेल के बंदी की मौत, नहाने के दौरान गिरने से सिर पर आई गंभीर चोट

दिल्ली में MCD टोल टैक्स नियमों में बदलाव की तैयारी, कमर्शियल वाहनों पर हर साल 5% बढ़ोतरी का प्रस्ताव

मोदी कैबिनेट विस्तार की चर्चा तेज: MP से 1 और सांसद बनेंगे केंद्र में मंत्री! रेस में सबसे आगे तरुण चुघ का नाम

सूचना

Color Heading... : सीएसईबी के झाबू राखड़ डेम में मौत का मंजर, राख के दलदल में जिंदा दबा JCB ऑपरेटर, प्रबंधन में हड़कंप

Abhyuday Bharat News / Mon, Apr 20, 2026 / Post views : 131

Share:

19 अप्रैल कोरबा जिले में एक बार फिर राखड़ डेम हादसे ने सनसनी फैला दी है। बताया जा रहा है कि एचटीपीपी की झाबू राखड़ डेम अचानक फूट गया, जिससे वहां काम कर रहा एक JCB ऑपरेटर राख के भारी मलबे में दब गया। हादसा इतना भयावह था कि मौके पर मौजूद मजदूरों में अफरा-तफरी मच गई और प्रबंधन के हाथ-पांव फूल गए। 

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक डेम के एक हिस्से में अचानक दबाव बढ़ा और देखते ही देखते राख का सैलाब बह निकला। JCB मशीन संभाल रहा ऑपरेटर कुछ समझ पाता, उससे पहले ही राख के दलदल ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। आसपास मौजूद कर्मचारियों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन राख का दबाव इतना ज्यादा था कि ऑपरेटर मशीन सहित दब गया।

हादसे के बाद पूरे प्लांट क्षेत्र में हड़कंप मच गया। प्रबंधन और सुरक्षा अमला तत्काल मौके पर पहुंचा, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया, वहीं प्रशासनिक अधिकारियों को भी मामले की जानकारी दे दी गई है।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि राखड़ डेम की सुरक्षा व्यवस्था पहले से ही सवालों के घेरे में रही है, लेकिन बार-बार चेतावनी के बावजूद प्रबंधन ने गंभीरता नहीं दिखाई। नतीजा यह हुआ कि एक और मजदूर की जान चली गई।

इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा प्रबंधन की पोल खोल दी है। सवाल उठ रहा है कि आखिर राखड़ डेम की निगरानी और सुरक्षा इंतजाम इतने कमजोर क्यों हैं, और मजदूरों की जान के साथ यह लापरवाही कब तक जारी रहेगी?

फिलहाल हादसे के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है और प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। एक बार फिर राखड़ डेम फूटा है, लेकिन इस बार अपने साथ एक मजदूर की जिंदगी भी बहा ले गया।

Tags :

#CG NEWS

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts