Mon, 20 Apr 2026
Logo

ब्रेकिंग

नोएडा: बैंक्विट हॉल में सूट-बूट में आया चोर, पहले खाया खाना, फिर 5 लाख रुपये से भरा बैग लेकर हुआ चंपत

होर्मुज के पास जहाज जब्त करने पर भड़का ईरान, ओमान सागर में अमेरिकी जहाजों पर दागे ड्रोन, तनाव

नेपाल में बालेन सरकार के खिलाफ प्रदर्शन, भारत से 100 रुपये से ज्यादा के सामान पर टैक्स को लेकर भड़के लोग

अक्षय चेतना: परशुराम, अक्षय तृतीया और ब्रह्मांडीय काल-दर्शन

गमले में ढेरों मिर्च, टमाटर और भिंडी उगाने के लिए क्या करें? माली ने बताया फ्री का घोल, फूल खिलते ही डालना होगा

वेदांता पावर प्लांट हादसे में मौतों का आंकड़ा बढ़ा, अभी तक 24 मजदूरों की मौत, 12 घायलों में 3 की हालत गंभीर

दुल्हन चढ़ी घोड़ी, फूट-फूटकर रोया दूल्हा, विदाई के बाद अब बनेगा 'घर जमाई', छत्तीसगढ़ की इस अनोखी शादी ने किया भावुक

नारी शक्ति वंदन बिल का 'फर्जी लैटर' लाया राजस्थान में सियासी भूचाल, अब वसुंधरा राजे का करारा जवाब मचा रहा हलचल

राहुल निकला अब्दुल अजीज, पहले पिलाई रेड बुल, फिर जबरदस्ती बनाया हिंदू छात्रा का वीडियो, इंदौर महिला थाने में FIR

रब ने बना दी जोड़ी, 17 साल के इंतजार के बाद मुकेश के घर गूंजी शहनाई, 1300 किलोमीटर दूर मिला जीवनसाथी

सूचना

उत्तर प्रदेश :- मथुरा न्यूज : अनिरुद्धाचार्य या 'पूकी बाबा'? कथावाचक ने नाम पर बने सस्पेंस से खुद उठा दिया पर्दा

Abhyuday Bharat News / Sun, Apr 19, 2026 / Post views : 18

Share:

स्वामी अनिरुद्धाचार्य को 'पूकी बाबा' के नाम से भी संबोधित किया जाता है। इस नाम के पीछे के राज से उन्होंने स्वयं एक कार्यक्रम में पर्दा उठाया है।

मथुरा: उत्तर प्रदेश के मथुरा-वृंदावन के मशहूर कथावाचक स्वामी अनिरुद्धाचार्य कथा के दौरान बयानों को लेकर खूब चर्चा में रहते हैं। उनके क्लिप सोशल मीडिया पर खूब वायरल होते हैं। सोशल मीडिया ने उन्हें 'पूकी बाबा' के नाम से पुकारना शुरू कर दिया है। हालांकि, इस नाम का मतलब क्या है? क्यों इस नाम से लोग उन्हें पुकारते हैं? पिछले दिनों एक इंटरव्यू के दौरान स्वामी अनिरुद्धाचार्य महाराज ने इससे पर्दा उठाया। इंटरव्यू में वे कई मुद्दों पर विस्तार से बातचीत करते दिखे।

'पूकी बाबा' मतलब क्या?

स्वामी अनिरुद्धाचार्य का नाम 'पूकी बाबा' क्यों पड़ा? किसने उन्हें यह नाम दे दिया? ये सारे सवाल खूब होते रहे हैं। 'पूकी' शब्द का अर्थ किसी भी क्यूट या प्यारी चीज के लिए किया जाता है। हालांकि, स्वामी अनिरुद्धाचार्य महाराज इस नाम को लेकर साफ करते हैं कि हम धर्म और अध्यात्म से जुड़ी गंभीर बातों को बहुत ही सरल तरीके और हंसते-हंसाते लोगों को समझा देते हैं। इस वजह से लोगों ने हमें 'पूकी बाबा' कहना शुरू कर दिया।

भगवत प्रेम की बात

जीवन में किसी से प्यार होने के सवाल पर स्वामी अनिरुद्धाचार्य भगवत प्रेम की बात कही। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि हां, हमें प्रेम है। अपने कार्य और भगवान से हम प्रेम करते हैं। उन्होंने जोड़ा कि हम अपनी जिम्मेदारियों को पूरी शिद्दत से निभाते हैं। गौ-सेवा से लेकर समाज सेवा तक के कार्य में कोई कोताही नहीं बरतते।

कथावाचक न कहा कि हमारे लिए सेवा ही प्रेम का दूसरा स्वरूप है। उन्होंने कहा कि प्रेम और जिम्मेदारी दो अलग चीजें हैं। इन दोनों को एक साथ लेकर चलना जरूरी है। उन्होंने लोगों से जीवन में रिश्तों का हमेशा सम्मान करने की बात कही।

भगवान से सच्चे प्रेम की सलाह

स्वामी अनिरुद्धाचार्य ने लोगों को नसीहत दी कि अपनी पत्नी, माता-पिता और परिवार का हमेशा सम्मान करें। यह आपकी जिम्मेदारी है। आपको अपनी जिम्मेदारी पूरी ईमानदारी से निभाना चाहिए। उन्होंने प्रेम के विषय पर कहा कि सच्चा प्रेम केवल भगवान से ही करना चाहिए।

स्वामी अनिरुद्धाचार्य ने इस मानव जीवन में भगवत भक्ति का अर्थ भी समझाया। उन्होंने कहा कि संसार में रहकर आपको अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करना है। साथ ही, अपने हृदय को ईश्वर की भक्ति में लगाना चाहिए। जीवन जीने का सही तरीका उन्हें इसी को बताया।

Tags :

धर्म

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts