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अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के अनुसार बोइंग का स्टारलाइनर स्पेसक्राफ्ट आज धरती पर वापस आने वाला है. स्टारलाइनर बिना किसी अंतरिक्ष यात्रियों के वापस आ रहा है. उम्मीद है कि ये करीब छह घंटे की यात्रा के बाद धरती पर पहुंच जाएगा
नासा के दो अंतरिक्ष यात्रियों भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स और उनके सहयोगी बुच विल्मोर को
अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पर लेकर गया था, आज शाम को पृथ्वी पर बिना चालक दल के साथ लौट रहा है. ये अब यात्री कैप्सूल की जगह कार्गो कैप्सूल बनकर लौट रहा है. बोइंग स्टारलाइनर अंतरिक्ष यान की वापसी को लेकर आईएसएस से लेकर पृथ्वी पर खासा तैयारी चल रही है. आईएसएस में मौजूद सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर कार्गो को लोड करने और कैप्सूल का अंतिम निरीक्षण कर रहे हैं.
हटाई चालक दल की सीट
सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर ने कार्गो कैप्सूल में से चालक दल की सीटें हटा दी हैं. ताकि स्पेसक्राफ्ट में स्पेस स्टेशन से निकाले गए कचरे के लिए ज्यादा जगह बन सके. जिसे धरती पर भेजा जा रहा है.
बता दें ये दोनों अंतरिक्ष यात्री 5 जून को फ्लोरिडा में केप कैनावेरल स्पेस फोर्स स्टेशन के स्पेस लॉन्च कॉम्प्लेक्स-41 से उड़ान भरने के बाद 6 जून को बोइंग स्टारलाइनर पर सवार होकर ऑर्बिटिंग प्रयोगशाला आईएसएस के लिए रवाना हुए थे. पहले एक सप्ताह के भीतर इनकी वापसी की योजना थी, लेकिन स्टारलाइनर में आई गंभीर समस्याओं के कारण इन्हें अब अगले साल तक आईएसएस में रहना होगा.
पृथ्वी पर नासा क्या कर रहा है तैयारी
नासा ने गुरुवार को स्टारलाइनर के आईएसएस से प्रस्थान और पृथ्वी पर वापस लौटने की टाइमलाइन जारी की थी. जिसके अनुसार मौसम और हवा की स्थिति ठीक रही तो आईएसएस से अनडॉक होने के बाद, कैप्सूल छह घंटे से भी कम समय में अपने लैंडिंग स्थल पर पहुंच जाएगा. वहीं मौसम और हवा की स्थिति अनुकूल न होने पर स्टारलाइनर 24 से 31 घंटे बाद फिर से प्रयास करेगा.
- अंतरिक्ष यान को शनिवार सुबह 3:30 बजे (IST) या शुक्रवार शाम 6:04 बजे (EDT) अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन से अलग किया जाएगा.
- ये करीब छह घंटे बाद धरती पर पहुंच जाएगा.
- इसकी लैंडिंग न्यू मैक्सिको के व्हाइट सैंड्स स्पेस हार्बर में होगी.
- नासा के यूट्यूब चैनल पर आप इसकी लाइव लैंडिग को देख सकेंगे.
जब ये पृथ्वी के वायुमंडल में प्रवेश करेगा, तो स्टारलाइनर लगभग 30,000 फीट की ऊंचाई पर अपनी हीट शील्ड को हटा देगा. इसके बाद ड्रैग और पैराशूट की की मदद से इसकी गति धीमी हो जाएगी. स्टारलाइनर जब धरती पर उतरेगा तो उसकी गति 4 मील प्रति घंटा होगी.

नासा ने कहा, "नासा और बोइंग की लैंडिंग और रिकवरी टीम स्टारलाइनर के प्रस्तावित लैंडिंग स्थल पास तैनात है. "लैंडिंग के बाद, पांच टीम उनको सौंपा गया काम करेंगी. इन टीमों को रंगों के हिसाब से बांटा गया है, गोल्ड टीम, सिल्वर टीम, ग्रीन, ब्लू और रेड टीम. इन्हें अलग-अलग जिम्मेदारी दी गई है.

इन टीम को कैप्सूल में किसी भी दहनशील ईंधन का पता लगाने से लेकर कैप्सूल को कूलिंग प्रदान करने का काम सौंपा गया है. ग्राउंड क्रू के स्टारलाइनर कैप्सूल की अच्छे से जांच-पड़ताल करने के बाद कैप्सूल को नासा के कैनेडी स्पेस सेंटर में भेजा जाएगा.
स्पेसएक्स क्रू-9 से वापस आएंगे सुनीता और बुच
स्टारलाइनर के बिना चालक दल के वापस आने के फैसले के बाद, अब सुनीता और बुच फरवरी 2025 के अंत तक स्टेशन पर ही रहेंगे. नासा सितंबर के अंत में चार के बजाय केवल दो क्रू सदस्यों के साथ स्पेसएक्स क्रू-9 मिशन को लॉन्च करेगा. अगले साल की शुरुआत में स्पेसएक्स क्रू-9 के जरिए सुनीता और बुच धरती पर वापस आ सकेंगे.
बिना अंतरिक्ष यात्रियों के ही वापस लौटेगा बोइंग स्टारलाइनर, जानिए NASA रिस्क से क्यों डर रहा?
नासा (NASA) के चीफ सीनेटर बिल नेल्सन ने कहा कि अंतरिक्ष यात्रियों को स्टारलाइनर से वापस लाना जोखिम भरा है, यह बिल्कुल भी सुरक्षित नहीं है.
नई दिल्ली:
नासा के अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स (NASA astronaut Sunita Williams) और बुच विल्मोर ने 5 जून को जिस बोइंग स्टारलाइनर (Boeing Starliner) ने अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के लिए उड़ान भरी थी, वह अब उनके बिना ही धरती पर वापसी के लिए तैयार है. 6 सितंबर को यह पृथ्वी पर वापसी करेगा. स्टारलाइनर के अनडॉक होने के करीब छह घंटे बाद उसके धरती पर उतरने की उम्मीद है. बता दें कि तकनीकी खामी की वजह से यह बोइंग बिना अंतरिक्ष यात्रियों के ही वापस लौट रहा है. यह बात बोइंग के लिए बहुत ही शर्मिंदी भरी है.
8 दिन के मिशन पर स्पेस स्टेशन गए, वहीं फंस गए
सुनिता विलियम्स और बुच 5 जून को 8 दिन के मिशन पर स्पेस स्टेशन गए थे, लेकिन तकनीकी खामी की वजह से उनका वापस लौटना काफी जोखिम भरा माना जा रहा है, इस वजह से उसके लौटने का समय बढ़ा दिया गया है. दोनों अंतरिक्ष यात्री अब अगले साल ही स्पेस स्टेशन से धरती पर वापसी करेंगे. नासा ने दोनों को वापस लाने के लिए फरवरी 2025 को चुना है. लेकिन बोइंग का स्टारलाइनर बिना अंतरिक्ष यात्रियों के कल यानी कि 6 सितंबर को धरती पर वापसी करने जा रहा है.
सुरक्षा से कोई समझौता नहीं
बोइंग भले ही बिना क्रू के घर वापसी करने जा रहा है, लेकिन नासा ने अपने अंतरिक्ष यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता करने से इनकार कर दिया है.नासा ने साफ कहा है कि वह किसी भी तरह का जोखिम स्वीकार नहीं करेंगे. नासा के अधिकारियों का कहना है कि यह फैसला उन्होंने सर्वसम्मति से लिया था, जब कि बोइंग ने दावा किया कि उनका स्टारलाइनर क्रू मेंबरों को वापस लाने के लिए पूरी तरह सुरक्षित है. वह क्रू मेंबर्स के साथ या उनके बिना, दोनों ही हालात में वापस आ सकता है.
'तनावपूर्ण बैठक' के बाद फैसला
नासा का कहना है कि स्टारलाइनर को क्रू मेंबर्स के बिना वापस लाने का फैसला बोइंग अधिकारियों के साथ तनावपूर्ण बातचीत के बीच लिया गया था. अपने फैसले के बारे में बताते हुए नासा के चीफ सीनेटर बिल नेल्सन ने कहा कि अंतरिक्ष यात्रियों को स्टारलाइनर से वापस लाना जोखिम भरा है, यह बिल्कुल भी सुरक्षित नहीं है. बुच और सुनीता विलियम्स को स्पेस स्टेशन और बोइंग के स्टारलाइनर को बिना क्रू के वापस लाने का फैसला सुरक्षा की वजह से लिया गया है.
वहीं बोइंग का कहना है कि उसे स्टारलाइनर अंतरिक्ष यान के क्रू के साथ सुरक्षित लौटने की क्षमता पर पूरा भरोसा है. कंपनी ने एक बयान में कहा कि नासा के परीक्षण ने इस बात की पुष्टि की है कि 28 में से 27 आरसीएस थ्रस्टर्स स्वस्थ हैं और पूर्ण परिचालन क्षमता पर वापस आ गए हैं. स्टारलाइनर और उसके क्रू मेंबर्स की पृथ्वी पर वापसी का वह समर्थन करते हैं.
नासा क्यों नहीं लेना चाहता रिस्क?
चैलेंजर और कोलंबिया स्पेस के दोहरे हादसे के बाद नासा कोई भी रिस्क लेना नहीं चाहता है. यही वजह है कि उसने बोइंग के स्टारलाइन को बिन् क्रू के ही वापस लाने का फैसला लिया है.